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इथियोपिया के टाइग्रे क्षेत्र के एक असपताल के सामने खड़ी महिलाएँ इथियोपिया के टाइग्रे क्षेत्र के एक असपताल के सामने खड़ी महिलाएँ  (AFP or licensors)

संयुक्त राष्ट्र: इथियोपिया के टाइग्रे में अधिकारों का घोर हनन

संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त, मिशेल बाचेलेट ने 21 जून को इथियोपिया के अशांत क्षेत्र में अधिकारों की स्थिति पर एक रिपोर्ट प्रस्तुत की, जहां अकाल का भी खतरा है।

माग्रेट सुनीता मिंज- वाटिकन सिटी

जेनेवा, बुधवार 23 जून 2021 (वाटिकन न्यूज) : संयुक्त राष्ट्र के मानव अधिकार प्रमुख का कहना है कि वे अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून के निरंतर उल्लंघन और इथियोपिया के टाइग्रे क्षेत्र में नागरिकों के खिलाफ मानवाधिकारों के हनन की रिपोर्टों से "बहुत ही परेशान" हैं, जिसमें वहां लड़ाई शुरू होने के छह महीने से अधिक समय से फांसी और यौन शोषण शामिल है।

दुर्व्यवहार जारी है

संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त, मिशेल बाचेलेट ने सोमवार को कहा कि उनके कार्यालय को अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून के गंभीर उल्लंघन और "संघर्ष के सभी पक्षों द्वारा" नागरिकों के खिलाफ घोर मानवाधिकार उल्लंघन और दुर्व्यवहार की रिपोर्ट मिली है। इनमें न्यायेतर फांसी, मनमानी गिरफ्तारी और नजरबंदी, बच्चों के साथ-साथ वयस्कों की यौन हिंसा और जबरन विस्थापन शामिल हैं।

जेनेवा में 21 जून से 13 जुलाई तक चल रहे संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद के 47वें सत्र के उद्घाटन उच्चायुक्त, मिशेल बाचेलेट ने किया और अपने कार्यालय की गतिविधियों पर अपनी वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत की और उसके बाद महामारी और अन्य स्वास्थ्य के जवाब में राज्य की आपात स्थिति एवं सभी मानवाधिकारों की प्राप्ति में केंद्रीय भूमिका पर एक रिपोर्ट प्रस्तुत की।

उसने कहा कि  छोड़ने के वादे के बावजूद इरिट्रिया के सैनिक अभी भी वहां थे। इथियोपिया की सरकार ने कहा है कि वह उन लोगों को दंडित करेगी जो दुर्व्यवहार करते हैं और 50 से अधिक सैनिकों पर टाइग्रे में बलात्कार या नागरिकों की हत्या के लिए मुकदमा चल रहा है। इसने उन मामलों का कोई विवरण जारी नहीं किया है।

सूखा

संयुक्त राष्ट्र और सहायता समूहों का कहना है कि टाइग्रे में लगभग 350,000 लोग, जो सूडान के साथ-साथ इरिट्रिया की सीमाओं पर हैं, अकाल का सामना कर रहे हैं। करीब 20 लाख अन्य सोमालिया में 2011 के बाद से ही अकाल का सामना कर रहे हैं। किसानों, सहायता कर्मियों और स्थानीय अधिकारियों का कहना है कि भोजन को युद्ध के हथियार में बदल दिया गया है, सैनिकों ने खाद्य सहायता को अवरुद्ध या चोरी कर लिया है। अपनी रिपोर्ट में, बाचेलेट ने यह भी उल्लेख किया कि "मानवीय स्थिति गंभीर है, कुछ इलाकों में मानवीय पहुंच से इनकार करने और सैनिकों द्वारा सहायता आपूर्ति को लूटने की रिपोर्ट मिली है।"

हालांकि, इथियोपिया के प्रधान मंत्री एबी ने कहा, "टाइग्रे में भूख नहीं है।" देश के आम चुनाव में मतदान के बाद सोमवार को बीबीसी न्यूज़ से बात करते हुए एबी ने कहा कि वहाँ समस्या है और सरकार उसे ठीक करने में सक्षम है।

जातीय और सांप्रदायिक हिंसा

बाचेलेट ने कहा कि 16 मई से उनका कार्यालय टाइग्रे में मानवाधिकारों के दुरुपयोग के संबंध में इथियोपियाई मानवाधिकार आयोग के साथ संयुक्त जांच कर रहा है। अगस्त में एक रिपोर्ट आने की उम्मीद है, जिसके बाद निष्कर्षों और सिफारिशों को सार्वजनिक किया जाएगा।

बाचेलेट ने यह भी नोट किया कि इथियोपिया के कई अन्य हिस्सों, घातक जातीय और अंतर-सांप्रदायिक हिंसा और विस्थापन की खतरनाक घटनाओं को लंबे समय से शिकायतों के बारे में बढ़ते ध्रुवीकरण से जोड़ा गया था। इस बात पर बल देते हुए कि "सैन्य बलों का उपयोग एक स्थायी समाधान नहीं है", उन्होंने "वास्तविक शिकायतों को दूर करने के लिए पूरे देश में व्यापक और बहुआयामी संवाद" का आग्रह किया।

23 June 2021, 15:23