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दक्षिण अफ्रीका के बच्चे दक्षिण अफ्रीका के बच्चे  (AFP or licensors)

कोविद -19: 67,000 अफ्रीकी बच्चों को भुखमरी से मौत का खतरा

‘सेव द चिल्ड्रन’ की एक नई रिपोर्ट में चेतावनी दी गई है कि उप-सहारा अफ्रीका में दसियों हज़ारों कमजोर बच्चों को कोविद -19 द्वारा जटिल परिस्थितियों के कारण 2020 के अंत तक भूखमरी से मरने का खतरा है।

माग्रेट सुनीता मिंज-वाटिकन सिटी

जिनेवा, बुधवार 02 सितम्बर 2020 (वाटिकन न्यूज) : कोविद महामारी से पहले भी, "सेव द चिल्ड्रन" संगठन ने चेतावनी दी है कि उप-सहारा अफ्रीका विश्व स्तर पर सबसे अधिक खाद्य-असुरक्षित क्षेत्रों में से एक था और यदि वर्तमान स्थिति जारी रही, तो यह दुनिया की आधी से अधिक भूखों का घर होने की उम्मीद है।

अंतरराष्ट्रीय संगठन द्वारा एक हाल ही में जारी रिपोर्ट में दावा किया गया है कि "साल के अंत से पहले उप-सहारा अफ्रीका भर में अनुमानित 67,000 बच्चों को अत्यधिक भूख से मरने का खतरा है।"

हर दिन 426 बच्चों की मौत का खतरा

संगठन द्वारा तैयार किए गए विश्लेषण से संकेत मिलता है कि प्रति दिन औसतन 426 बच्चों को मृत्यु का खतरा है जब तक कि तत्काल कार्रवाई नहीं की जाती है।

रिपोर्ट बताती है कि इस साल महाद्वीप के कुछ हिस्सों में खाद्य असुरक्षा ने कई झटके महसूस किए हैं: "बाढ़ से, टिड्डियों के झुंड और विस्थापन के कारण खाद्य सामग्रियों के कीमतों में उछाल।" कोविद -19 महामारी के कारण विश्व की अर्थव्यवस्था चरमरा गई है। नौकरियाँ और आजीविका के साधन नष्ट हो गये, खाद्य और स्वास्थ्य सेवाएँ अप्रभावी या अनुपलब्ध हैं।"

रिपोर्ट में दावा किया गया है, "2030 तक, यह भविष्यवाणी की जाती है कि अनुमानित 433 मिलियन लोग पूरे अफ्रीका में कुपोषित होंगे।"

महामारी गंभीर स्थिति

 महामारी से पहले भी, गंभीर कुपोषण के प्रभावों ने स्वास्थ्य, विकास और यहां तक कि पूरे पूर्वी और दक्षिणी अफ्रीका के 26 मिलियन से अधिक बच्चों के जीवन को कमजोर बना दिया था।

रिपोर्ट में पश्चिम और मध्य अफ्रीका की स्थिति पर भी प्रकाश डाला गया है, जहां "पांच वर्ष से कम करीब 15.4 मिलियन बच्चों को इस साल गंभीर तीव्र कुपोषण से पीड़ित होने की उम्मीद है: पहले के अनुमानों से 20% की वृद्धि हुई है।"

‘सेव द चिल्ड्रन’ निदेशक, इयान वेल ने कहा कि महामारी दुनिया के कुछ देशों में सबसे भूखे लोगों पर तबाही मचा रही है, क्योंकि कोरोना वायरस की रोकथाम के तहत "आजीविका और फसल उत्पादन में गिरावट आई है, रोजगार खतम गए हैं और भोजन लगातार महंगा होता जा रहा है।"

अपील

‘सेव द चिल्ड्रन’ निदेशक ने बहुत देर होने से पहले बच्चों के जीवन को बचाने के लिए तत्काल मानवीय सहायता की अपील की।

दुनिया के सबसे वंचित बच्चों में से कुछ का समर्थन करने की अपील में, सेव द चिल्ड्रन ने वित्त पोषण के लिए एक अभियान शुरू किया है, जिसके तहत संगठन संकटग्रस्त परिवारों को भोजन या नकदी प्रदान करता है, सुरक्षित और स्वच्छ पानी तक पहुंच सुनिश्चित करता है और "कोरोना वायरस-सुरक्षित तरीकों का पालन करते हुए अपने स्वास्थ्य एवं पोषण सेवाओं को जारी रखता है।

02 September 2020, 14:40