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FILE PHOTO: संत पापा चारिटी धर्मबहनों से मिलते हुए FILE PHOTO: संत पापा चारिटी धर्मबहनों से मिलते हुए  (Vatican Media)

‘संत मदर तेरेसा’ के पर्व पर संत पापा फ्राँसिस के ट्वीट संदेश

आज 5 सितंबर दान का अंतर्राष्ट्रीय दिवस है। संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा चुनी गई तारीख, 5 सितंबर, 1997 में कलकत्ता की संत मदर तेरेसा की मृत्यु की वर्षगांठ और 1979 में नोबेल शांति पुरस्कार की याद दिलाती है। इस दिन संत पापा फ्राँसिस ने ट्वीट कर संत मदर तेरेसा की तरह पीड़ितों और गरीब लोगों के बीच खुशी और आशा के अवसर को खोलने हेतु प्रेरित किया।

माग्रेट सुनीता मिंज-वाटिकन सिटी

वाटिकन सिटी, सोमवार 5 सितम्बर 2022 (वाटिकन न्यूज) : काथलिक कलीसिया सोमवार 5 सितंबर 2022, कलकत्ता की संत मदर तेरेसा के पर्व दिवस और उनकी 25वीं पुण्यतिथि की याद करती है। इस दिन संत पापा फ्राँसिस ने ट्वीट कर संत मदर तेरेसा की तरह पीड़ितों और गरीब लोगों के बीच खुशी और आशा के अवसर को खोलने हेतु प्रेरित किया।

1ला ट्वीट : ”मदर तेरेसा को यह कहना अच्छा लगता था, "शायद मैं उनकी भाषा नहीं बोलती, लेकिन मैं मुस्कुरा सकती हूँ।" आइए, हम उसकी मुस्कान को अपने दिलों में ले जाएं और इसे उन लोगों को दें जिनसे हम अपनी यात्रा के दौरान मिलते हैं, खासकर उन लोगों को जो पीड़ित हैं। इस तरह, हम खुशी और आशा के अवसर खोलेंगे।”

एक और ट्वीट कर संत पापा ने दान के अंतर्राष्ट्रीय दिवस पर सभी लोगों को एक छोटी सी राशि ही सही, प्यार से देने हेतु प्रेरित किया।

2रा ट्वीट : “अगर एक छोटी सी राशि भी प्यार से बाँटा जाए, तो कभी खत्म नहीं होती, हमारी भिक्षा, चाहे वह छोटी हो या बड़ी, के मामले में ऐसा ही है, जब उसे खुशी और सादगी के साथ अर्पित किया जाता है, तो जीवन और खुशी का स्रोत बन जाती है।” # दान का अंतर्राष्ट्रीय दिवस।

कलकत्ता के मिशनरीज ऑफ चारिटी धर्मसमाज की संस्थापिका संत मदर तेरेसा की मृत्यु की 25वीं वर्षगांठ है उनका जन्म 26 अगस्त, 1910, स्कोप्जे में हुआ और 5 सितंबर 1997कलकत्ता में मृत्यु हुई।

दान का अंतरराष्ट्रीय दिवस की स्थापना संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा दिसंबर 2012 को इस बात की पुष्टि करने के लिए की गई थी कि कैसे "दान विभिन्न संस्कृतियों और धर्मों के लोगों के साथ-साथ एकजुटता और आपसी समझ के बीच संवाद को बढ़ावा देने में योगदान दे सकता है।

5 सितंबर ‘दान का अंतर्राष्ट्रीय’ दिवस संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा चुनी गई तारीख, सितंबर 5, 1997 में कलकत्ता की संत मदर तेरेसा की मृत्यु की वर्षगांठ और 1979 में नोबेल शांति पुरस्कार की याद दिलाती है। इस अवसर पर, संयुक्त राष्ट्र सभी सदस्य देशों, अंतर्राष्ट्रीय और क्षेत्रीय संगठनों और नागर समाज को इसे मनाने के लिए आमंत्रित करता है और शिक्षा के प्रचार और जागरूकता बढ़ाने की गतिविधियों के माध्यम से दान और दान के कृत्यों को प्रोत्साहित करता है।

भारतीय परिवेश में 5 सितंबर का महत्व

भारत के दृष्टिकोण से 5 सितंबर की तारीख बहुत महत्वपूर्ण कही जा सकती है, क्योंकि इस दिन जहां हम आजाद भारत के दूसरे महामहिम राष्ट्रपति सर्वपल्ली डॉ. राधाकृष्णन के जन्मदिन को ‘शिक्षक दिवस’ के रूप में मनाते हैं, साथ ही इसी दिन विश्व के तमाम देशों के साथ मिलकर ‘दान का अंतर्राष्ट्रीय’ दिवस भी मनाते हैं। आज के दिन संत मदर तेरेसा की पुण्यतिथि के रूप में उन्हें श्रद्धा सुमन भी अर्पित करते हैं। इस अवसर पर, हर तरह के उदार और मानवीय सहयोग पर कार्य किया जाता है। इस दिन का मुख्य लक्ष्य आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग को आम समाज के समानांतर लाना होता है।

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05 September 2022, 16:23