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अक्वीला में संत मरिया दी कोलेमाजो का महागिरजाघर अक्वीला में संत मरिया दी कोलेमाजो का महागिरजाघर 

अक्वीला की यात्रा में माता मरियम की तीन तस्वीरें पोप के साथ

संत पापा फ्राँसिस 28 अगस्त को जब "क्षमाशीलता का वार्षिक समारोह" मनाने इताली शहर अक्वीला की प्रेरितिक यात्रा करेंगे, तब उनके साथ धन्य कुँवारी मरियम की तीन तस्वीरें भी साथ होंगी।

उषा मनोरमा तिरकी-वाटिकन सिटी

वाटिकन सिटी, मंगलवार, 2 अगस्त 2022 (रेई) ˸ मध्य इटली के अब्रूत्सो प्रांत में 28 अगस्त को संत पापा फ्राँसिस की प्रेरितिक यात्रा में कुँवारी मरियम की तीन तस्वीरें अक्विला की संक्षिप्त यात्रा की रूपरेखा तैयार करेंगी।

संत पापा की यात्रा हेतु रोईयो की माता मरियम (क्रूस की माता मरियम) की पवित्र तस्वीर को वेदी पर रखा जाएगा। इसे मिस्सा समारोह के लिए संत मरिया दी कोलेमागियो के बेसिलिका के आहाते पर स्थापित किया जाएगा, जिसकी अध्यक्षता पोप फ्राँसिस कोलेमागियो के पवित्र द्वार के उद्घाटन से पहले करेंगे।

रोईयो की माता मरिया

अक्वीला के लोग रोईयो की माता मरियम के प्रति बड़ी भक्ति रखते हैं। लोगों की भक्ति को देखते हुए अक्वीला के तत्कालिक महाधर्माध्यक्ष कार्लो कोनफलोनियेरी ने रविवार 15

 अक्टूबर 1944 को प्रतिमा को मुकुट पहना कर सम्मानित किया था।  

उन्होंने अक्वीला के महागिरजाघर के प्राँगण में "दिव्य बालक और उनकी माता के सिर पर स्वर्ण मुकुट" रखते हुए, ताज पहनाया था। दो मुकुटों को शहर के निवासियों द्वारा दान किए गए सोने से, एक स्थानीय सुनार द्वारा तैयार किया गया था और पोप पीयुस 12वें ने 9 अक्टूबर 1944 को व्यक्तिगत रूप से उनपर आशीष दी थी।

संत पापा फ्राँसिस तीसरे पोप होंगे जो संत पापा जॉन पौल द्वितीय के पदचिन्हों पर रोईयो की माता मरियम को सम्मानित करेंगे। संत पापा जॉन पौल द्वितीय ने 30 अगस्त 1980 को और संत पापा बेनेडिक्ट 16वें ने 28 अगस्त 2009 को रोईयो की माता मरियम का दर्शन उस समय किया था जब उन्होंने शहर का दौरा किया था जो 2009 के भूकम्प के कारण ध्वस्त हो गया था।

"सालुस पोपुली अक्वीलानी" (अक्वीला की संरक्षिका)  

कोलेमाजोर जाने से पहले संत पापा फ्राँसिस महागिरजाघर के प्राँगण में 2009 में हुए भूकम्प के शिकार लोगों के परिवारवालों से मुलाकात करेंगे।  

महागिरजाघर के सामने मंच पर, संत पापा के पास, एक चित्रफलक होगा जिसमें अक्विला के लोगों की संरक्षिका ("सालुस पॉपुली अक्विलानी") को दर्शाया जाएगा।

बहुमूल्य तस्वीर जो अक्वीला के लोगों के लिए अत्यन्त प्रिय है उसे 1703 में भूकम्प के बाद से ही संत मारकुस गिरजाघर के धर्मप्रांतीय तीर्थस्थल पर रखा गया है।

भूकंप के बाद स्वास्थ्य लाभ  

अक्वीला की संरक्षिका की तस्वीर को 3 मई 2009 को राहतकर्मियों द्वारा मलबे में से निकाला गया था। जब तस्वीर मलबो से निकाला गया था उस समय उनके सिर पर मुकुट नहीं था।  

महाधर्माध्यक्ष जुसेप्पे मोलिनारी ने 13 मई 2013 को उन्हें पुनः मुकुट से सम्मानित किया और उन्हें अक्वीला के संत जोसेफ महागिरजाघर में समारोही ख्रीस्तयाग के दौरान पुनःस्थापित किया।

कुँवारी मरियम और बालक

अक्वीला की प्रेरितिक यात्रा में संत पापा फ्राँसिस के साथ, माता मरियम की तीसरी तस्वीर उस समय होगी जब वे पोप सेलेस्टीन पाँचवें के अस्थि-कलश के सामने प्रार्थना करेंगे, जहाँ "क्षमा" देनेवाले दस्तावेज को भी रखा जाएगा।

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02 August 2022, 16:22