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कनाडा के लेक स्टे एन तीर्थ पर सन्त पापा फ्राँसिस के दर्शन हेतु एकत्र हुआ भक्त समुदाय, 27.07.2022 कनाडा के लेक स्टे एन तीर्थ पर सन्त पापा फ्राँसिस के दर्शन हेतु एकत्र हुआ भक्त समुदाय, 27.07.2022  (AFP or licensors)

कलीसिया को देशज लोगों की क्षति की ज़िम्मेदारी वहन करनी होगी

चंगाई के लिये विख्यात एडमनटन शहर से लगभग 70 किलो मीटर की दूरी पर स्थित कनाडा के लेक स्टे एन लोकप्रिय तीर्थस्थल पर सन्त पापा फ्रांसिस ने ईश वचन का पाठ कर धर्मविधिक प्रार्थना समारोह की अध्यक्षता की तथा स्टेन एन नामक इस झील के जल पर ईश्वर की आशीष का आह्वान किया।

जूलयट जेनेवीव क्रिस्टफर, वाटिकन सिटी

लेक स्टे एन, आल्बेर्ता, बुधवार, 27 जुलाई 2022 (रेई, रायटर): "जो हमसे पहले जा चुके हैं, उनसे हमें बहुत कुछ मिला है। जो हमारे बाद आनेवाले हैं उनके लिये हम किस प्रकार की वसीयत छोड़ना चाहते हैं? "गुलाब जल" या एक जीवित विश्वास? व्यक्तिगत लाभ पर या बंधुत्व पर स्थापित समाज? युद्ध से भरा विश्व या एक शांतिपूर्ण विश्व? तबाह  कर दी गई सृष्टि या फिर एक स्वागत योग्य घर? मंगलवार को कनाडा के आल्बेर्ता प्रान्त स्थित लेक स्टे एन तीर्थ पर एकत्र श्रद्धालुओं को दर्शन देने से पूर्व सन्त पापा फ्राँसिस ने उक्त ट्वीट सन्देश के जरिये अपने गूढ़ विचारों को अभिव्यक्ति प्रदान की।

चंगाई के लिये विख्यात एडमनटन शहर से लगभग 70 किलो मीटर की दूरी पर स्थित कनाडा के लेक स्टे एन लोकप्रिय तीर्थस्थल पर सन्त पापा फ्रांसिस ने ईश वचन का पाठ कर धर्मविधिक प्रार्थना समारोह की अध्यक्षता की तथा स्टेन एन नामक इस झील के जल पर ईश्वर की आशीष का आह्वान किया।

देशज ढोल-नगाड़ों और मंत्रोच्चार की आवाजों के बीच लेक स्टे एन पर पहुंचने के बाद, सन्त पापा अपनी  व्हीलचेयर पर बैठे और झील को आशीर्वाद दिया। इस अवसर पर उन्होंने कहा, "हमारे देशज भाइयों और बहनों द्वारा सही गई हिंसा के घाव" और "उपनिवेशीकरण के भयानक प्रभावों" भुलाया नहीं जाना चाहिये।

सबको चंगाई की आवश्यकता

तीन देशज भाषाओं में जनसमुदाय का अभिवादन करते हुए, सन्त पापा फ्रांसिस ने कहा, "हम सभी को, कलीसिया होने के नाते, अब चंगाई और उपचार की आवश्यकता है; खुद को बंद करने के प्रलोभन से उपचार, सच्चाई की तलाश करने के बजाय संस्था की रक्षा करने से उपचार, सुसमाचार की सेवा करने के लिए सांसारिक शक्ति को प्राथमिकता देने के प्रलोभन से उपचार" की आवश्यकता है।

नाकोडा फर्स्ट नेशन की 58 वर्षीय देशज महिला सिन्डी बेयर हेड ने कहा, "उनका यहाँ आना, झील को आशीर्वाद देना और लोगों को आशीर्वाद देना, मुझे लगता है कि यह वास्तव में ऐतिहासिक क्षण है, विशेष रूप से, वाटिकन द्वारा देशज लोगों एवं हमारे आध्यात्मिक स्थल को स्वीकार करना, सचमुच में एक ऐतिहासिक घड़ी है।"

स्मरण रहे कि एक सदी से भी अधिक समय तक कनाडा में 150,000 से अधिक देशज बच्चों को उनके परिवारों से अलग कर दिया गया था और सरकार द्वारा वित्त पोषित एवं मिशनरियों द्वारा संचालित आवासीय विद्यालयों में लाया गया। कई को भूखा रखा गया था, मूल भाषा बोलने के लिए पीटा गया था और कभी- कभी उन्हें यौन शोषण का भी शिकार बनाया गया था, जिसे कनाडा के सत्य और सुलह आयोग ने "सांस्कृतिक नरसंहार" निरूपित किया है तथा कनाडा सरकार एवं कनाडा की कलीसिया द्वारा क्षमा याचना और क्षतिपूर्ति की मांग की है।

"विनाशकारी त्रुटि"

मंगलवार को स्टे एन झील के तीर्थ पर सन्त पापा फ्राँसिस ने कनाडा की आवासीय स्कूल प्रणाली पर गम्भीर जाँचपड़ताल का आह्वान किया तथा देशज लोगों की सांस्कृतिक अस्मिता को जबरन मिटा देने के प्रयासों को एक "दुखद बुराई" और "विनाशकारी त्रुटि" निरूपित किया।  

बुधवार को सन्त पापा फ्राँसिस केबेक शहर की यात्रा कर रहे हैं जहाँ वे कनाडा के वरिष्ठ  प्रशासनिक  अधिकारियों एवं राजनयिक कोर के सदस्यों से औपचारिक मुलाकात कर उन्हें अपना सन्देश देंगे। शुक्रवार को, रोम की वापसी यात्रा से पूर्व, सन्त पापा कुछ घण्टों के लिये कनाडा के आर्कटिक में इकालुइत शहर का दौरा कर, यहाँ के देशज समुदाय से मुलाकात करेंगे। वस्तुतः, इकालुइत क्षेत्र उत्तरी अमेरिका के सबसे तेजी से गर्म होने वाले हिस्सों में से एक है और उम्मीद है कि वहाँ सन्त पापा फ्राँसिस जलवायु परिवर्तन के खतरों पर अपने विचार प्रकट करेंगे।

 

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27 July 2022, 11:38