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प्रतीकात्मक चिन्ह क्रूस प्रतीकात्मक चिन्ह क्रूस  (ANSA)

मेथोडिस्ट कलीसियाई संघों को संत पापा की शुभकामनाएं

संत पापा फ्रांसिस ने इस सप्ताह टॉरेल पेलिस (ट्यूरिन) में हो रही मेथोडिस्ट और वाल्डेंसियन कलीसियाई संघ की धर्मसभा हेतु शुभकामनाएँ भेजा।

दिलीप संजय एक्का-वाटिकन सिटी

वाटिकन सिटी, सोमवार, 26 अगस्त 2019 (रेई) संत पापा फ्रांसिस ने तूरिन में मेथोडिस्ट औऱ वाल्डेंसियन कलीसिया की चल रही धर्मसभा के लिए अपनी शुभकामनाएं भेजीं।

मेथोडिस्ट और वाल्डेंसियन संघ की कलीसियाओं के नाम प्रेषित अपने पत्र में संत पापा ने कहा, “मैं आप सभों के लिए प्रार्थना कर रहा हूँ जिससे आप इन दिनों की मिलन, प्रार्थना और चिंतन में पवित्र आत्मा की सजीव उपस्थिति का अनुभव कर सकें, जो ख्रीस्तीय एकता को प्रेरित करते और मजबूती प्रदान करते हैं।”

उन्होंने कहा कि वे इस कलीसियाई धर्मसभा में अपनी उपस्थिति व्यक्त करते हैं जहाँ अन्तर कलीसियाई एकत्रीकरण हेतु मिलकर प्रार्थना की जा रही है जिससे कलीसियाओं के बीच एकात्मकता की वृद्धि हो सके। संत पापा ने इस बात की अनिवार्यता पर भी बल दिया कि हमें अपने सच्चे जीवन द्वारा येसु ख्रीस्त और सुसमाचार का साक्ष्य देने की जरूरत है जो केवल तब संभव होता है जब हम अपने सोच-विचार और कार्य में एक मन तथा दिल के होते हैं। “हम एक-दूसरे के प्रति ज्ञान में बढ़ते हुए समझ और सहयोग के मार्ग का चुनाव कर, येसु ख्रीस्त और करुणा के सुसमाचार के प्रति प्रतिबद्धता बने रहने हेतु बुलाये जाते हैं।”

धर्मसभा के प्रतिभागियों को अपना प्रेरितिक आशीर्वाद देने के पूर्व संत पापा फ्रांसिस ने कहा, “येसु ख्रीस्त के शिष्यों स्वरुप हम समाज के दीन-दुखियों हेतु विशेषकर जो सबसे गरीब और कमजोर हैं, मिलकर सहायता प्रदान कर सकते हैं जिससे वे अपने जीवन में न्याय और शांति का अनुभव कर सकें।”

धर्मसभा के कार्य

मेथोडिस्ट संघ और वाल्डेंसियन कलीसियाओं की स्थापना सन 1975 में दौरान हुई थी जब वाल्डेंसियन सुसमाचारी कलीसिया इटली की मेथोडिस्ट प्रेरितिक कलीसिया के संघ एक हो गई थी। इटली में इनकी संख्या बहुमत के साथ लगभग 50,000 की है जबकि अर्जेंटीना और उरुग्वे में उनकी एक बड़ी आबादी है।

धर्मसभा की शुरूआत एक धर्मविधि के साथ हुए जहाँ कलीसिया के भावी संचालकों ने अपने प्रशिक्षण, अध्यापन और सार्वजनिक जाँच के उपरांत अपने को कलीसिया की सेवा हेतु समर्पित किया, जिनका अभिषेक हस्तारोपण करते हुए किया गया।

धर्मसभा के दौरान कई मुद्दों जैसे कि धार्मिक स्वतंत्रता, कलीसिया-राज्य के मध्य संबंध, सामाजिक और सामुदायिक निष्ठा, “वैश्विक-सेवा”, मानवाधिकार, वर्तमान और भविष्य के लिए "अन्तरस्थानीय पीढ़ी" तथा स्थानीय कलीसिया, पारिस्थितिकी और अंतरकलीसियाई संवाद पर विचार मंथन किया जायेगा।

धर्मसभा का समापन एक नये सभापति के चुना के साथ होगा जो यूजेनियो बर्नार्डिनी का पद संभालेगा। सभापति  “वाल्डेंसियन टेबल” में एक संरक्षक के रूप में कार्य करता है, जो राज्य और अन्तरधार्मिक वार्ता हेतु संगठनों के साथ मेथोडिस्ट और वाल्डेंसियन कलीसियाओं का प्रतिनिधित्व करता है।

26 August 2019, 17:39