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स्कोलास ओकारेंतेस युवाओं को सम्बोधित करते संत पापा स्कोलास ओकारेंतेस युवाओं को सम्बोधित करते संत पापा 

वार्ता से न डरें, स्कोलास ओकारेंतेस से संत पापा

संत पापा फ्रांसिस ने कहा कि जब व्यक्ति हमले का शिकार होता है एवं उसकी पहचान खो जाती है तब वह बदमाश हो जाता है।

उषा मनोरमा तिरकी-वाटिकन सिटी

संत पापा फ्राँसिस "धौंसिया" विषयवस्तु पर आयोजित एक ऑन लाईन कॉन्फ्रेस में स्कोलास ओकारेंतेस परमधर्मपीठीय न्यास (स्कूलों के लिए अंतरराष्ट्रीय फाऊँडेशन) के बच्चों को सम्बोधित कर रहे थे।

21 जून को प्रकाशित वीडियो संदेश में संत पापा ने कहा, "धौंसिया युद्ध घोषित कर सकता है क्योंकि यह पहचान को कम कर देता है।" उन्होंने कहा कि ऐसे समय में वार्तालाप करें, एक साथ यात्रा करें, दूसरों को धीरजपूर्वक सुनें। तब सच्ची शांति आयेगी और इस सच्ची शांति के द्वारा हम अपनी पहचान की खोज कर पायेंगे।     

अपने संदेश के अंत में संत पापा ने युवाओं को प्रोत्साहन दिया कि वे आगे बढ़ें तथा वार्ता के लिए नहीं घबरायें क्योंकि यह फायदेमंद है।   

स्कोलास ऑकारेंतेस फाऊँडेशन की शुरूआत संत पापा फ्राँसिस ने 13 अगस्त 2013 को की थी। यह परमधर्मपीठ की ओर से एक अंतरराष्ट्रीय संगठन है जिसका प्रमुख उद्देश्य है शिक्षा, तकनीकी, कला एवं खेल के द्वारा, शांति हेतु मुलाकात की संस्कृति को प्रोत्साहन देना।

 

22 June 2019, 15:26