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प्रतीकात्मक तस्वीर प्रतीकात्मक तस्वीर  (AFP or licensors)

संत पापा ने महिलाओं पर शर्मनाक दुर्व्यवहार की निंदा की

इंगलैंड एवं वैल्स में जीवन दिवस को इस वर्ष घरेलू यौन दुराचार के खिलाफ समर्पित किया गया है। संत पापा फ्राँसिस ने हर प्रकार के शोषण से लड़ने हेतु प्रोत्साहन देते हुए एक पत्र प्रेषित किया है।

उषा मनोरमा तिरकी-वाटिकन सिटी

वाटिकन सिटी, शनिवार, 8 जून 2019 (रेई)˸ इंग्लैंड एवं वेल्स की कलीसिया घरेलू दुराचार की मुसीबत को ध्यान में रखते हुए, जब जीवन दिवस मनाने की तैयारी कर रही है, तब संत पापा फ्राँसिस ने विश्वासियों का अभिवादन करते हुए, उन्हें इस प्रयास में समर्थन देने एवं इस अभियान में सहभागी होने का प्रोत्साहन देते हुए एक पत्र प्रेषित किया है।  

संत पापा फ्राँसिस की ओर से वाटिकन राज्य सचिव कार्डिनल पीयेत्रो परोलिन ने पत्र में लिखा कि जैसा कि वहाँ के धर्माध्यक्ष घरेलू दुराचार, खासकर, महिलाओं के साथ हो रहे शर्मनाक दुराचार की विषयवस्तु पर ध्यान दे रहे हैं, "संत पापा, प्रार्थना करते हैं कि सबसे कमजोर भाई-बहनों के समर्थन में धर्माध्यक्षों का यह प्रयास अधिक फल लाये तथा हर प्रकार के शोषण से संघर्ष करने हेतु प्रतिबद्धता को सहयोग दे।"

संत पापा ने कहा, "हर मानव जीवन सुन्दर और पवित्र है इस शुभ संदेश का प्रचार करने की जिम्मेदारी एक महान बुलाहट है।" उन्होंने जीवन की संस्कृति को बढ़ावा देते रहने हेतु प्रोत्साहन दिया तथा प्रभु की शांति एवं सामर्थ्य की कामना करते हुए सभी को अपना प्रेरितिक आशीर्वाद दिया।          

इंग्लैंड, वेल्स, स्कोटलैंड एवं आयरलैंड में 2019 में जीवन दिवस 16 जून को मनाया जाएगा।

चौंकाने वाले आंकड़े

इंग्लैंड में प्रकाशित आंकड़े अनुसार चार में से एक महिला एवं छः में से एक पुरूष घरेलू दुर्व्यवहार के शिकार हैं जबकि हर सप्ताह, पुरूष मित्र या पूर्व पुरूष मित्र द्वारा दो महिलाओं की हत्या हो रही है। इस बात पर गौर करते हुए धर्माध्यक्ष जॉन शेर्रिगन जो इंग्लैंड एवं वेल्स में जीवन दिवस के लिए समर्पित हैं उन्होंने कहा, "ये चौंकाने वाले आंकड़े हमें घरेलू दुर्व्यवहार के खिलाफ संघर्ष करने का आह्वान देते हैं क्योंकि जो लोग घरेलू दुर्व्यवहार झेल रहे हैं उनके लिए घर एक सुरक्षा एवं आत्म-संतुष्टि का स्थान नहीं रह गया है। यह अकसर पीड़ा, भय, अपमान एवं अकेलापन का स्थान बन जाता है। घरेलू दुर्व्यवहार बहुधा एक छिपी हुई समस्या है अतः हमारा प्रयास है कि घरेलू दुर्व्यवहार का सामना करने वाले लोग, कलीसिया में मदद की खोज कर सकें। हम हमारी कलीसिया में जागरूकता लाना चाहते हैं ताकि इस गंभीर नैतिक एवं सामाजिक समस्या का सामना करने के लिए कदम उठाया जा सके।"  

काथलिक महिलाओं के राष्ट्रीय समिति एवं अन्य दलों के अच्छे कार्यों की सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि उनका कार्य अत्यन्त महत्वपूर्ण है।  

उन्होंने बतलाया कि जीवन दिवस के अवसर पर पल्लियों में जो दान जमा किये जायेंगे उन्हें मानव प्रतिष्ठा को बढ़ावा देने के लिए प्रयोग किया जाएगा, जिससे घरेलू हिंसा को रोकने की परियोजनाओं को मदद मिलेगी।

08 June 2019, 14:36