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दक्षिणी सूडान में एक मिशनरी बच्चों को धर्मशिक्षा देते हुए दक्षिणी सूडान में एक मिशनरी बच्चों को धर्मशिक्षा देते हुए  (COPYRIGHT, 2011)

अमरीकी राजदूत ˸ विश्व मिशन रविवार, विश्वव्यापी कलीसिया के लिए ठोस मदद

अमरीका के लिए वाटिकन के प्रेरितिक राजदूत महाधर्माध्यक्ष क्रिस्टोफर पियर ने कहा है कि विश्व मिशन रविवार के लिए उदार दानसंग्रह, जिसको 23 अक्टूबर को किया जाएगा, सबसे जरूरतमंद, कमजोर और विश्वभर में अत्याचार का सामना कर रहे लोगों को ठोस सहायता पहुँचाता है।

उषा मनोरमा तिरकी-वाटिकन सिटी

अमरीका, बृहस्पतिवार, 20 अक्टूबर 2022 (रेई) ˸ प्रेरितिक राजदूत महाधर्माध्यक्ष क्रिस्टोफर पियर ने कहा कि मिशन स्कूलों में बच्चों की शिक्षा; अनाथों, बूढ़ों और बीमारों की सहायता; प्रार्थनालयों एवं गिरजाघरों का निर्माण या मरम्मत; मिशनरी धर्मप्रांतों की मदद; और धर्मसमाजी प्रशिक्षण एवं सेमिनरी को समर्थन देना आदि कुछ कारण हैं जिसके लिए अमरीका में मिशन रविवार दानसंग्रह का बड़ा महत्व है।     

95वाँ विश्व मिशन रविवार 23 अक्टूबर को मनाया जाएगा। विश्व मिशन रविवार आध्यात्मिक और वित्तीय सहायता प्रदान करने हेतु संत पापा की वार्षिक अपील है, जो यह सुनिश्चित करता है कि विदेशी मिशन और मिशनरियों का जीवनदायी कार्य जारी रहे।

यह एक ठोस वैश्विक प्रयास है जो स्थानीय कलीसिया के निर्माण में एशिया, अफ्रीका, प्रशांत द्वीप एवं लातीनी अमेरिका और यूरोप के कुछ हिस्से को मदद पहुँचाता है।  

मिशन रविवार जिसकी स्थापना संत पापा पीयुस 11वें ने 1926 में की है, इसे हर साल अक्टूबर माह के अंतिम रविवार के पहले सप्ताह को मनाया जाता है।  

यह एक ऐसा समय होता है जब विश्वभर के करीब 1,100 से अधिक धर्मप्रांतों की मदद की जाती है।

'तुम मेरे साक्षी होगे'

विश्व मिशन रविवार के लिए संत पापा फ्राँसिस के संदेश की विषयवस्तु है ˸ "तुम मेरे साक्षी होगे।" (प्रे.च.1,8)

संत पापा याद दिलाते हैं कि कलीसिया स्वभाव से मिशनरी है और हमें इस मिशन में एक साथ भाग लेने के लिए बपतिस्मा में बुलाया जाता है।

"हरेक ख्रीस्तीय एक मिशनरी एवं खीस्त का साक्षी होने के लिए बुलाया गया है। और कलीसिया जो ख्रीस्त के शिष्यों का समुदाय है, उसका मिशन ख्रीस्त का साक्ष्य पूरे दुनिया में देने से बढ़कर कोई दूसरा नहीं है"। सुसमाचार प्रचार करना ही कलीसिया की पहचान है।"  

परमधर्मपीठीय मिशन सोसाईटी अमरीका में स्थानीय कलीसिया के धर्माध्यक्षों एवं मिशनरी धर्मसंघों के साथ मिलकर कार्य करती है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि हरेक कलीसिया की आवश्यकता के आधार पर उन्हें मदद पहुँचाया जा सके।  

दानसंग्रह अमरीका से सीधे मिशन क्षेत्र के धर्माध्यक्षों के पास जाता है और दोनों स्थानीय कलीसियाओं के बीच सीधा संबंध होता है।  

विश्वभर में ठोस सहायता

महाधर्माध्यक्ष पियेर ने दुनिया भर में कलीसिया की सेवा करने के अपने अनुभव के आधार पर मिशन रविवार के महत्व को रेखांकित किया है।

प्रेरितिक राजदूत ने कहा, "मेरी राजनयिक सेवा युगांडा, हैती, मोज़ाम्बिक, ज़िम्बाब्वे और प्रशांत द्वीप समूह सहित कई मिशन क्षेत्रों में रही है। जिसने मुझे मिशन रविवार के दानसंग्रह के महत्व का प्रत्यक्ष अनुभव दिया है।"

"अमरीका में विश्वासियों का उदार दानसंग्रह संभव बनाता है कि परमधर्मपीठीय मिशन सोसाईटी, मिशनरी धर्मप्रांतों को वार्षिक सहायता प्रदान कर सके तथा मिशन सेमिनरी एवं धर्मसंघी प्रशिक्षण केंद्रों एवं मिशन स्कूलों में बच्चों की धर्मशिक्षा, प्रार्थनालयों एवं गिरजाघरों के निर्माण को सीधे रूप से मदद प्रदान कर सके। साथ ही साथ, अनाथ बच्चों, बुजूर्गों एवं बीमार लोगों की सहायता की जा सके।"  

महाधर्माध्यक्ष पियेर ने कहा कि "यह समर्थन सुसमाचार के प्रचार, संस्कारों के अनुष्ठान एवं मिशन धर्मप्रांतों में गरीबों की सेवा करना संभव बनाता है।"

अत्याचार एवं खतरनाक जगहों में सुसमाचार का साक्ष्य  

परमधर्मपीठीय मिशन सोसाईटी के लिए अमरीका के राष्ट्रीय निदेशक, मोनसिन्योर किएरन हारिंगटोन ने बतलाया कि मिशन की मदद, पूरे महादेश की कलीसिया की मदद करना है।

"परमधर्मपीठीय मिशन की सहायता को प्राथमिकता देने के द्वारा हम हम संत पापा के साथ काम करते हैं ताकि जिन्हें हमारी मदद की आवश्यकता है उनके लिए एक उचित वितरण सुनिश्चित किया जा सके। हम कुछ उदार दान देकर सचमुच पूरी कलीसिया की सेवा करते हैं।   

"हम ईश्वर की चंगाई और उनकी कलीसिया का साक्ष्य देने के लिए बुलाये गये हैं जो बढ़ रही है और नाईजीरिया में भी खुश है जहाँ विश्वास के कारण पुरोहितों एवं धर्मबहनों की हत्या हो रही है। साथ ही, कई अन्य स्थानों में अत्याचार हो रहे हैं जहाँ भय महसूस करनेवालों के द्वारा लगाए गए प्रतिबंधों और उत्पीड़न के बावजूद विश्वासी सुसमाचार को अपनाते हैं।"

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20 October 2022, 16:22