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जिम्बावे के गरीब लोग पानी की तलाश में जिम्बावे के गरीब लोग पानी की तलाश में  (ANSA)

जिम्बाब्वे, कलीसिया और लोगों के साथ अंतरकलीसियाई एकजुटता

कलीसियाओं की विश्व संगठन (डब्ल्यूसीसी), लुथेरन वर्ल्ड फेडरेशन (एलड्ब्लयूएफ), सुधार चर्चों के विश्व समुदाय (डब्ल्यूसीआरसी) और वर्ल्ड मेथोडिस्ट काउंसिल (डब्ल्यूएमसी) द्वारा लिखे एक संयुक्त पत्र में आर्थिक और स्वास्थ्य संकट से उत्पन्न विरोधों के लिए चिंता और एकजुटता व्यक्त की गई है। देश में कठोर दमन और संस्थानों द्वारा स्थानीय कलीसियाओं पर हमला किया गया था।

माग्रेट सुनीता मिंज- वाटिकन सिटी

जिम्बाब्वे, मंगलवार 18 अगस्त 2020 (वाटिकन न्यूज) : "हम उन परिस्थितियों के बारे में गहराई से चिंतित हैं जो आपको दुखी करते हैं। हम जिम्बाब्वे के सभी लोगों के साथ अपनी एकजुटता व्यक्त करते हैं जो अपने मानवाधिकारों, न्याय, सुरक्षा और आर्थिक स्थिरता की मान्यता चाहते हैं।" कलीसियाओं की विश्व संगठन, लुथेरन वर्ल्ड फेडरेशन (एलड्ब्लयूएफ), द वर्ल्ड कम्यूनियन ऑफ़ रिफ़ॉर्म्ड चर्च (डब्ल्यूसीआरसी) और वर्ल्ड मेथोडिस्ट काउंसिल (डब्ल्यूएमसी) ने एक संयुक्त अंतरकलीसियाई प्रेरितिक पत्र लिखा। उन्होंने आर्थिक और स्वास्थ्य संकट का जिक्र किया। विरोध प्रदर्शन को दबाने के लिए सरकार द्वारा कठोर और दमनकारी कदम लिये गये। साथ ही काथलिक धर्माध्यक्षों की आलोचना की गई जिसे उन्होंने अपमानजनक बताया।

पत्र में कहा गया है कि देश में पूरी आबादी के लगभग आधे लोग भूख से पीड़ित हैं और बेरोजगारी बहुत अधिक है । देश में भ्रष्टाचार बढ़ रहा है और देश के लोग असुरक्षित है। कोविद -19 महामारी ने आर्थिक चुनौतियों को बढ़ा दिया है और पहले से ही कमजोर सार्वजनिक स्वास्थ्य और शिक्षा प्रणालियों को और कमजोर कर दिया है।

भ्रष्टाचार और अधिकारों की रक्षा की विफलता


पत्र में कहा गया, "हम महामारी से उत्पन्न चुनौतियों की गंभीरता को समझते हैं, हम यह भी मानते हैं कि भ्रष्टाचार के मूल कारण और मानवाधिकारों की रक्षा लंबे समय तक विफल रहने के कारण विफल शासन संरचना है। बल के बढ़ते उपयोग की निंदा करते हैं। इन विफलताओं का विरोध करने वालों के प्रति हिंसा और धमकी, विशेष रूप से उन लोगों को लक्षित किया जाता है जो वर्तमान सरकार का विरोध करते हैं। हम विशेष रूप से राजनीतिक कार्यकर्ताओं और अन्य मानव अधिकारों के अधिवक्ताओं के साथ हुए दुर्व्यवहार के लिए चिंतित हैं। हम महिला कार्यकर्ताओं के खिलाफ यौन शोषण और हिंसा की कड़ी निंदा करते हैं। हम बिना वजह पत्रकारों और राजनीतिक नेताओं को जेल में डाला जाना, अस्वीकार्य है।

न्याय के लिए एकजुटता

उसके बाद यह पत्र देश की कलीसियाओं को देश के सबसे कमजोर और हाशिये पर जीने वाले कमजोर लोगों का मदद करने और उनकी आवाज बनने के लिए कहा गया। “हम मानते हैं कि ईश्वर हमें दीनों के प्रति न्याय दिलाने के लिए कहता है। न्याय, गरिमा और मानवाधिकारों की रक्षा के लिए हम अपनी एकजुटता का आश्वासन देते हैं। अंत में, पत्र वैश्विक ईसाई परिवार की निरंतर प्रार्थना" की गारंटी देता है और हमें विश्वास में दृढ़ रहने के लिए आमंत्रित करता है।

पत्र पर हस्ताक्षर कलीसियाओं की विश्व संगठन के अंतरिम महासचिव,प्रोफेसर इओन सिकुआ, लुथेरन वर्ल्ड फेडरेशन के महासचिव श्रद्धेय मार्टिन जुनगे, द वर्ल्ड कम्यूनियन ऑफ़ रिफ़ॉर्म्ड चर्च के महासचिव श्रद्धेय क्रिस फर्ग्यूसन, वर्ल्ड मेथोडिस्ट काउंसिल के महासचिव, इवान अब्राहम ने किया।

19 August 2020, 14:26