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सिस्टर मरियम थ्रेसिया जिन्हें 13 अक्टूबर को संत घोषित किया जाएगा सिस्टर मरियम थ्रेसिया जिन्हें 13 अक्टूबर को संत घोषित किया जाएगा 

सिस्टर मरियम की संत घोषणा भारत के लिए गर्व की बात, मोदी

भारत के प्रधानमंत्री नरेद्र मोदी ने 13 अक्टूबर को, संत पापा फ्राँसिस द्वारा पाँच काथलिकों की संत घोषणा में एक भारतीय की संत घोषणा पर अपनी खुशी जाहिर की है।

उषा मनोरमा तिरकी-वाटिकन सिटी

नई दिल्ली, मंगलवार 1 अक्टूबर 2019 (मैटर्स इंडिया)˸ उन्होंने 29 सितम्बर को अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम "मन की बात" में कहा, "यह हर भारतीय के लिए गर्व की बात है कि पोप फ्राँसिस आने वाले 13 अक्टूबर को मरियम थ्रेसिया को संत घोषित करेंगे।" 

सिस्टर मरियम थ्रेसिया चिरामेल मनकिदियान (1876-1926) ने 14 मई 1914 को केरल के थ्रिसूर शहर के निकट मन्नूथी में हॉली फैमिली धर्मसंघ की स्थापना की ताकि परिवारों को ख्रीस्तीय मूल्य प्रदान किया जा सके।

सिस्टर तेरेसिया को वाटिकन के संत पेत्रुस महागिरजाघर के प्राँगण में समारोही ख्रीस्तयाग के दौरान संत घोषित किया जाएगा, जिनके साथ इंगलैंड के कार्डिनल जॉन हेनरी न्यूमन, इटली के जोसफिन वाल्लिनी, स्वीटजरलैंड के मार्गरेट बेस और ब्राजील के इर्म दोलचे पोंतेस की भी संत घोषणा की जाएगी।

मोदी ने कहा, "मैं सिस्टर मरियम थ्रेसिया को श्रद्धांजलि अर्पित करता हूँ और भारत के लोगों को खास तौर पर हमारे ईसाई भाई-बहनों को इस उपलब्धि के लिए बहुत- बहुत बधाई देता हूँ।"

सिस्टर मरियम का जन्म 26 अप्रैल 1876 को केरल के एक सिरो मलाबार परिवार में हुआ था। उनका निधन 8 जून 1926 को कुछीक्कातुसेरी में हुआ।  

उन्हें 28 जून 1999 में प्रभु सेविका और 9 अप्रैल 2000 को संत पापा जॉन पौल द्तीय द्वारा धन्य घोषित किया गया था।

धन्य सिस्टर मरियम थ्रेसिया

सिस्टर मरियम एकमात्र सदस्य थीं जब उन्होंने धर्मसमाज की स्थापना कीं। वाटिकन के एक दस्तावेज के अनुसार उनकी मृत्यु के समय धर्मसमाज में तीन नये कॉन्वेंट, दो स्कूल, दो हॉस्टेल, एक अध्ययन शाला और एक अनाथालाय थे।

उन्होंने अपने जीवन में कई स्कूलों, छात्रावासों और अनाथालयों की स्थापना की थी तथा महिलाओं की शिक्षा में सदा समर्पित रहीं।

धर्मसमाज में आज 1,5000 से अधिक धर्मबहनें हैं जो 176 समुदायों में रहती हैं। उनमें से अधिकतर भारतीय हैं और सात विभिन्न प्रोविंसों में कार्य करती हैं। वे जर्मनी, इटली और घाना में भी अपनी सेवाएं दे रही हैं।

कुछीक्कतुसेरी की मरियम तेरेसा कॉन्वेंट की धर्मबहन रोसमिन मैथ्यू ने कहा, "केरल का एक दल वाटिकन में संत घोषणा की पूर्व संध्या एक विशेष प्रार्थना में भाग लेगा।"

सिस्टर मरियम केरल की चौथी काथलिक होंगी जिन्हें काथलिक कलीसिया में संत घोषित किया जाएगा। सबसे पहले सिस्टर अल्फोंसा को सन् 2008 में संत घोषित किया गया था। उसके बाद 2014 में संत पापा फ्राँसिस ने फादर कुरियाकोस एलियस चावरा और सिस्टर यूफ्रासिया को संत घोषित किया था।  

01 October 2019, 16:59