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इस्राएल और फिलिस्तीन के बीच संघर्ष इस्राएल और फिलिस्तीन के बीच संघर्ष 

यूनिसेफ/गाजा पट्टी: बच्चों के खिलाफ हिंसा बंद होनी चाहिए

फिलिस्तीन और माथियास श्मले के राज्य में विशेष प्रतिनिधि, गाजा पट्टी में यूएआरडब्लयूए संचालन के निदेशक लूसिया एल्मी ने एक बयान में कहा, "गाजा पट्टी में 9 बच्चों की मौत हो गई है और कई बच्चे घायल हो गये हैं। बच्चों के खिलाफ हिंसा बंद होनी चाहिए।" संयुक्त राष्ट्र महासचिव मंगलवार को हिंसा में आई तेज़ी पर गम्भीर चिन्ता जताई है।

माग्रेट सुनीता मिंज-वाटिकन सिटी

फिलिस्तीन, बुधवार 12 मई 2021 (रेई) : "येरूसालेम में हफ़्तों की हिंसा के बाद कल रात गाजा पट्टी में हुई हिंसा से कम से कम 20 मौतें हुईं, जिनमें नौ फ़िलिस्तीनी बच्चे शामिल थे। चार बच्चे भाई-बहन थे और कई एक ही यूएनआरडब्ल्यूए स्कूल में पढ़ते थे। कम से कम 25 बच्चों के घायल होने की रिपोर्ट के साथ और कई बच्चों के घायल होने की पुष्टि की गई है। संयुक्त राष्ट्र इस खबर की जाँच कर रहा है। दक्षिणी इज़राइल में, राखेलन शहर में कम से कम एक बच्चे के घायल होने की पुष्टि की गई है। इसराइल में एक स्कूल और गाजा पट्टी में दो स्कूलों के क्षतिग्रस्त होने की रिपोर्ट की गई है।

संघर्ष का बच्चों पर गहरा और स्थायी प्रभाव पड़ता है, चाहे वे जहां भी रहें। एक बच्चा तो बच्चा ही है। यह संघर्ष बहुत लंबे समय से चल रहा है। सभी पक्षों को हिंसा को आगे बढ़ाने से रोकना चाहिए, नागरिकों की रक्षा करनी चाहिए और बच्चों के खिलाफ हिंसा को समाप्त करना चाहिए।

संयुक्त राष्ट्र महासचिव की अपील

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने क़ाबिज़ फ़लस्तीनी इलाक़ों में मंगलवार को हिंसा में आई तेज़ी पर गम्भीर चिन्ता जताई है। इस बीच, यूएन मानवाधिकार कार्यालय (ओएचसीएचआर) ने बीते दिनों में प्रदर्शनकारियों और इसराइली पुलिस के बीच झड़पों और हवाई कार्रवाई के बाद, शान्ति बहाली के लिये दोगुने प्रयास किये जाने की अपील की है।

पूर्वी येरूसालेम में रह रहे फिलिस्तीनी परिवारों को उनके घरों से बेदख़ल किये जाने की आशंका की वजह से, कई दिनों से तनाव व्याप्त था, मगर ताज़ा हिंसा से यह चरम पर पहुँच गया है।

यूएन प्रमुख के प्रवक्ता की ओर से जारी वक्तव्य में, मौजूदा हालात और ग़ाज़ा में हिंसा तेज़ होने पर गहरी चिन्ता जताई गई है, जिससे क़ाबिज़ पूर्वी येरूसालेम में तनाव और हिंसा और भड़कने की आशंका है।

यूएन प्रवक्ता ने बताया कि बड़ी संख्या में हताहतों के बारे में पता चलने पर महासचिव को बेहद दुख हुआ है – इनमें ग़ाज़ा में इसराइली हवाई कार्रवाई में हताहत बच्चे और ग़ाज़ा से दागे गए रॉकेटों से इसराइली हताहत हैं।महासचिव की सम्वेदनाएँ, पीड़ितों के परिजनों के साथ हैं। एंतोनियो गुटेरेश ने इसराइली सुरक्षा बलों से अधिकतम संयम बरतने और सोच-समझ कर बल-प्रयोग किये जाने की अपील की है।

अन्तरराष्ट्रीय क़ानून के पालन की अपील

यूएन मानवाधिकार कार्यालय के प्रवक्ता रूपर्ट कोलविल ने आगाह किया कि हथियारों के अंधाधुंध इस्तेमाल पर, अन्तरराष्ट्रीय मानवीय क़ानून में सख़्त पाबन्दी है और इसे तत्काल रोका जाना होगा। इसराइल को अन्तरराष्ट्रीय मानवीय क़ानूनों का सम्मान करना होगा, विशेष रूप से युद्धस्थिति में आचरण के मूल सिद्धान्तों पर।

"हवाई कार्रवाई समेत कोई भी हमला, सिर्फ़ सैन्य उद्देश्यों पर लक्षित होना चाहिए और आम नागरिकों की मौतों व प्रतिष्ठानों की क्षति को टालने के लिये हरसम्भव सतर्कता बरती जानी चाहिए।"

इससे पहले, पूर्वी येरूसालेम के शेख़ जर्राह और सिलवान इलाक़ों से फ़िलिस्तीनी परिवारों की बेदख़ली की आशंका के बीच विरोध प्रदर्शन हो रहे थे, जिसके बाद हालात और चिन्ताजनक हो गए हैं।

बीते शुक्रवार से, फ़िलिस्तीनियों और इसराइली सुरक्षाकर्मियों के बीच अल-अक़्सा मस्जिद परिसर के इर्द-गिर्द झड़पें हुई हैं। फ़िलिस्तीनी शरणार्थियों के लिए संयुक्त राष्ट्र राहत एवं कार्य एजेंसी ने बताया है कि शेख़ जर्राह में आठ परिवारों पर बेदख़ल किये जाने का जोखिम मंडरा रहा है। कुल मिलाकर 75 लोग बताए गए हैं।

12 May 2021, 15:10