खोज

Vatican News
आयरलैंड के नोक में दिव्यदर्शन गिरजाघर आयरलैंड के नोक में दिव्यदर्शन गिरजाघर 

नोक मरियम तीर्थस्थल को पोप ने दी अंतरराष्ट्रीय तीर्थस्थल का दर्ज

संत पापा फ्रांसिस ने शुक्रवार शाम को एक वीडियो संदेश के माध्यम से नोक तीर्थस्थल को एक अंतरराष्ट्रीय मरियम तीर्थ एवं यूखरिस्तीय तीर्थस्थल की मान्यता प्रदान दी।

उषा मनोरमा तिरकी-वाटिकन सिटी

वाटिकन सिटी, शनिवार, 20 मार्च 2021 (रेई)- समारोह में महाधर्माध्यक्ष तुआम, मिखाएल नेरी और नोक तीर्थस्थल के रेक्टर फादर एवं पल्ली पुरोहित रिचार्ड गिब्बोन्स ने भाग लिया।

यह मान्यता संत पापा फ्राँसिस के नोक मरियम तीर्थस्थल पर दौरे के ढाई साल बाद मिली है। आयरलैंड में आयोजित परिवारों के विश्वसभा के अवसर पर अपनी यात्रा में संत पापा ने नोक तीर्थस्थल का दौरा किया था।

वहाँ उन्होंने दिव्यदर्शन के प्रार्थनालय के सामने विश्व के सभी परिवारों के लिए प्रार्थना की थी और नोक की माता मरियम को आयरलैंड की पारिवारिक रोजरी परम्परा के अनुसार सोने की रोजरी भेंट की थी।

दिव्यदर्शन

दिव्य दर्शन अत्यन्त प्रतीकात्मक एवं अनोखा है। यह यूखरिस्त को पुनर्जीवित ख्रीस्त के रूप में प्रस्तुत करता है जो मेमने के रूप में वेदी पर प्रकट हुए थे। वे क्रूस के सामने खड़े थे और दूतों का एक दल उन्हें घेरे हुए था।

21 अगस्त 1879 की शाम को नोक गाँव के करीब 15 लोगों ने पल्ली गिरजाघर की विशाल दीवार पर दो घंटों तक, माता मरियम, संत जोसेफ, संत योहन सुसमाचार लेखक, एक मेमना और वेदी पर एक क्रूस का दिव्यदर्शन प्राप्त किया था।

आनन्द और कृतज्ञता

शुक्रवार को यूखरिस्त समारोह के पूर्व फादर रिचार्ड गिब्बोन ने कहा, "इस मान्यता पर वे रोमांचित और प्रफूल्लित हो उठे हैं। इस तरह मान्यता प्राप्त करना एक बड़े सम्मान की बात है और मेरे अनुसार इसका अर्थ है कि हमने कलीसिया से अंतिम पहचान को प्राप्त कर लिया है।"  

इस पहचान से तीर्थस्थल के पल्लीवासी भी खुश हैं। जिन्होंने संत पापा फ्राँसिस के प्रति अपना आभार व्यक्त किया है।

संत जोसेफ से संबंध

आयरलैंड के इस तीर्थस्थल को संत जोसेफ के पर्व और संत पापा फ्राँसिस के परमाध्यक्ष के रूप में कार्यभाल संभालने की 8वीं वर्षगाँठ के दिन पहचान दी गई है जो अधिक महत्वपूर्ण है। उन्होंने गौर किया कि पोप फ्राँसिस ने इस स्थल का दौरा 2018 में किया था, वे समझते हैं कि आयरिश लोगों के लिए इस तीर्थस्थल एवं इसके संदेश का क्या महत्व है।

नोक की माता मरियम

प्रेरितिक यात्रा के अलावा, संत पापा फ्राँसिस ने जनवरी 2020 को ईश वचन रविवार के अवसर पर संत पेत्रुस महागिरजाघर में ख्रीस्तयाग अर्पित करते हुए भी नोक मरियम तीर्थ में भाग लिया था।

यूखरिस्त समारोह के दौरान नोक की माता मरियम की नई तीर्थ प्रतिमा स्थापित की गई, जिसको नोक में 1879 में हुए दिव्यदर्शन की 140वीं वर्षगाँठ के उपलक्ष्य में पोप की वेदी पर स्थापित किया गया था। प्रतिमा पर संत पापा फ्राँसिस ने आयरलैंड की प्रेरितिक यात्रा के बाद रोम में 2019 में आशीष दी थी।

महामारी के बीच नोक तीर्थस्थल

आयरलैंड इस समय 5वें स्तर के लॉकडाऊन के प्रतिबंधों का पालन कर रहा है जिसका अर्थ है कि वहाँ ख्रीस्तयाग अब भी ऑनलाईन जारी है। महामारी के दौरान तीर्थस्थल की स्थिति के बारे बतलाते हुए फादर रेक्टर ने पिछले साल नवम्बर में मनाये गये समारोह पर प्रकाश डाला, जब कोविड-19 से मौत के शिकार लोगों के लिए प्रार्थना की गई थी। इस अवसर पर हरेक मृत व्यक्ति के लिए महागिरजाघर में तीन हजार मोमबत्तियाँ जलायी गई थीं, और करीब 1,20,000 लोगों ने ऑनलाईन मिस्सा में भाग लिया था।   

जब तीर्थस्थल को विशेष दर्जा मिल गया है फादर गिब्बोन को उम्मीद है कि यह मरियम के नाम पर तीर्थयात्रा करनेवालों को मदद देगा कि वे भविष्य को आशा के साथ देखेंगे।

20 March 2021, 08:49