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शरणार्थी दिवस पर प्रदर्शन में भाग लेते लोग शरणार्थी दिवस पर प्रदर्शन में भाग लेते लोग  (ANSA)

शरणार्थियों एवं सृष्टि की देखभाल हेतु संत पापा की अपील

देवदूत प्रार्थना के उपरांत संत पापा ने विश्वासियों का अभिवादन किया तथा शरणार्थियों एवं सृष्टि की देखभाल हेतु अपील की।

उषा मनोरमा तिरकी-वाटिकन सिटी

वाटिकन सिटी, सोमवार, 22 जून 2020 (रेई) - संत पापा ने कहा, "कल संयुक्त राष्ट्र द्वारा विश्व शरणार्थी दिवस मनाया गया। कोरोना वायरस संकट ने शरणार्थियों की सुरक्षा पर ध्यान दिये जाने की आवश्यकता पर प्रकाश डाला है जिससे कि उनकी प्रतिष्ठा एवं सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।"

संत पापा ने उनके लिए प्रार्थना करने का आह्वान करते हुए कहा, "मैं सभी की ओर से नवीकृत एवं प्रभावशाली प्रतिबद्धता हेतु प्रार्थना में सहभागी होने का निमंत्रण देता हूँ ताकि सभी मानव प्राणी की रक्षा की जा सके, खासकर, जो अपने अथवा अपने परिवार पर गंभीर खतरों के कारण भागने के लिए मजबूर हैं।"

मानव एवं पर्यावरण के बीच संबंध

संत पापा ने कहा कि दूसरा पहलु जिसपर महामारी ने हमें चिंतन करने के लिए प्रेरित किया है वह है, मानव एवं पर्यावरण के बीच संबंध।

लॉकडाउन ने प्रदूषण को कम कर दिया है और कई स्थलों की सुन्दरता को फिर से निखार दिया है, कई जगह ट्राफिक और शोर से मुक्त हो गये हैं। अब गतिविधियों को पुनः शुरू करते हुए हमें आमघर की देखभाल में अधिक जिम्मेदार होना होगा।

संत पापा ने पर्यावरण को स्वच्छ रखने के लिए उठाये गये कदमों की सराहना की। उन्होंने कहा कि मैं विश्वभर में उन सभी जमीनी स्तर पर हो रहे प्रयासों की सराहना करता हूँ, उदाहरण के लिए रोम में आज ताईबर नदी के लिए एक प्रयास जारी किया गया। संत पापा ने उन स्थालों की भी याद की जहाँ इसपर ध्यान नहीं दिया जा रहा है अतः उन्होंने कहा कि एक ऐसी नागरिकता को बढ़ावा दिया जाए जो सार्वजनिक हित की आवश्यकताओं के प्रति जागरूक हो।

पिता दिवस  

21 जून को पिता दिवस मनाया जाता है संत पापा ने इसकी याद दिलायी एवं सभी पिताओं के लिए अपनी प्रार्थनाओं का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा, "हम सभी जानते है कि पिता होना कोई मामूली बात नहीं है। अतः हम उनके लिए प्रार्थना करें। हम उन पिताओं की भी विशेष याद करते हैं जो स्वर्ग से हमारी रक्षा करते हैं।"

संत अलोइसियुस गोजागा का पर्व  

तब संत पापा ने रोम, इटली एवं विश्व के विभिन्न हिस्सों से एकत्रित सभी तीर्थयात्रियों और पर्यटकों का अभिवादन किया। खासकर, उन्होंने युवाओं का अभिवादन किया। संत अलोइसियुस गोजागा की याद दिलाते हुए उन्होंने कहा कि वे ईश्वर एवं पड़ोसी के प्रेम से पूर्ण युवक थे। उसकी मृत्यु बहुत कम उम्र में रोम में हो गई थी। संत पापा ने विश्व के सभी युवाओं को उनकी मध्यस्थता को समर्पित किया।

अंत में उन्होंने अपने लिए प्रार्थना का आग्रह करते हुए सभी को शुभ रविवार की मंगल कामनाएँ अर्पित की।  

           

22 June 2020, 16:08