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मिशनरी महीना का प्रतीक चिन्ह मिशनरी महीना का प्रतीक चिन्ह 

विश्व मिशन रविवार, संत पापा का आह्वान

काथलिक कलीसिया 20 अक्टूबर को 93वाँ विश्व मिशन रविवार मना रही है। विश्व मिशन दिवस पर संत पापा बेनेडिक्ट 15वें के प्रेरितिक पत्र "मक्सिमुम इल्लुद" के 100 साल पूरा होने के उपलक्ष्य में संत पापा फ्राँसिस ने 2019 के अक्टूबर माह को मिशनरी महीना घोषित किया है।

उषा मनोरमा तिरकी-वाटिकन सिटी

वाटिकन सिटी, शनिवार, 19 अक्टूबर 2019 (रेई)˸ 31 दिसम्बर 2017 के आंकड़े अनुसार विश्व की कुल संख्या 7,40,83,74,000 थी जिसमें काथलिकों की कुल संख्या 1,31,32,78,000 थी।

इस साल विश्व मिशन दिवस की विषयवस्तु है, "बपतिस्मा प्राप्त और प्रेषित ˸ ख्रीस्त की कलीसिया विश्व के मिशन पर।"

विश्व मिशन दिवस के लिए 9 जून को प्रकाशित संदेश में संत पापा ने पूरी कलीसिया से आह्वान किया है कि वह अपनी मिशनरी चेतना एवं समर्पण को पुनःजागृत करे, जब हम संत पापा बेनेडिक्ट 15वें के प्रेरितिक पत्र मक्सिमुम इल्लुद के सौ साल पूरा होने की याद कर रहे हैं। (30 नवम्बर 1919)

संत पापा ने कहा है कि इस प्रेरिताई की दूरदर्शिता एवं नबी के समान दर्शन ने मुझे फिर से, कलीसिया के मिशनरी समर्पण को नवीकृत करने के महत्व को महसूस करने तथा प्रचार करने एवं येसु ख्रीस्त की मुक्ति को दुनिया में लाने के लिए ताजा प्रेरितिक संवेग देने हेतु प्रेरित किया है।  

मिशनरी महीना को मनाना हमें सबसे पहले येसु ख्रीस्त में हमारे विश्वास के मिशनरी आयाम की खोज करने में मदद देगा। इस विश्वास को हमें बपतिस्मा में प्रदान किया गया है। ईश्वर के साथ पिता–पुत्र का संबंध कोई साधारण व्यक्तिगत संबंध नहीं है बल्कि यह कलीसिया के साथ संबंध है। जब हम नये जीवन में जन्म लेते हैं तब पिता, पुत्र और पवित्र आत्मा ईश्वर के साथ संयुक्त होकर, हम कई भाई–बहनों के साथ जुड़ जाते हैं। यह दिव्य जीवन न बेचने के लिए है और न ही हम कोई धर्मांतरण का कार्य करते हैं किन्तु यह एक खजाना है जिसकी घोषणा की जानी और जिसको बांटा जाना है, मिशन का अर्थ यही है। हमने जिस वरदान को मुफ्त में प्राप्त किया है उसे हम भी मुफ्त में ही बांटते भी हैं (मती. 10:8) क्योंकि ईश्वर चाहते हैं कि सच्चाई को जानने और कलीसिया (मुक्ति का विश्वव्यापी संस्कार) के माध्यम से उनकी करुणा का अनुभव करने के द्वारा, सभी लोग मुक्ति प्राप्त करें।

19 October 2019, 15:10