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Vatican News
प्रतीकात्मक तस्वीर प्रतीकात्मक तस्वीर  (©WONG SZE FEI - stock.adobe.com)

प्रार्थना हमें रोजमर्रे के नीरस जीवन से मुक्त करती है, संत पापा

प्रार्थना, दान और उपवास हमारे जीवन का महत्वपूर्ण आयाम है जो हमें पड़ोसी और ईश्वर के समीप ले जाते हैं।

माग्रेट सुनीता मिंज-वाटिकन सिटी

वाटिकन सिटी, सोमवार 08 अप्रैल 2019 (रेई): काथलिक कलीसिया चालीसा की अवधि में प्रार्थना दान और उपवास द्वारा अपने स्वार्थ भरे जीवन से ऊपर उठने और आप को प्रभु के करीब लाने का अवसर देती है। संत पापा फ्राँसिस ने ट्वीट प्रेषित कर सभी ख्रीस्तियों को इस चालीसा काल में प्रार्थना और दान देने हेतु प्रेरित किया।

8 अप्रैल के ट्वीट में संत पापा ने लिखा,“ चालीसा के दौरान उपवास हमें उन सांसारिक चीजों के प्रति हमारे लगाव से मुक्त करता है, जो दिल को चेतनाशून्य बना देती है।”

संत पापा ने रविवार 7 अप्रैल को दो ट्वीट किया।

संत पापा ने पहले टवीट में लिखा, “चालीसा हमें प्रार्थना द्वारा ईश्वर की ओर देखने के लिए आमंत्रित करती है। हमें रोजमर्रे के नीरस जीवन से मुक्त करती है, जहां हम पूरा समय केवल अपने लिए खर्च करते हैं और  ईश्वर को भूल जाते हैं।”

दूसरे संदेश में उन्होंने लिखा,“चालीसा का यह समय हमें दूसरों को दान देने के लिए आमंत्रित करता है। हमें बिना उपयोग वाली वस्तुओं से मुक्त करता है। हमें यह सोचने के लिए प्रेरित करता है कि क्या ये वस्तुएं सही मायने में मेरे लिए उपयोगी हैं।”      

08 April 2019, 16:14