खोज

Vatican News
संत पापा से मुलाकात करते हुए प्राधिधर्माध्यक्ष लुइस राफेल साको संत पापा से मुलाकात करते हुए प्राधिधर्माध्यक्ष लुइस राफेल साको   (ANSA)

इराकी काथलिकों द्वारा संत पापा की यात्रा हेतु प्रार्थना

मार्च में होने वाली संत पापा फ्राँसिस की प्रेरितिक यात्रा की तैयारी में, खलदेई प्रधिधर्माध्यक्ष लुइस राफेल साको ने एक प्रार्थना बनाई है, इराक की सभी गिरजाघरों में विश्वासी रविवार 17 जनवरी से हर रविवार को इस प्रार्थना का पाठ करेंगे।

माग्रेट सुनीता मिंज-वाटिकन सिटी

इराक,सोमवार 18 जनवरी 2021 (वाटिकन न्यूज) : इराक को संत पापा फ्राँसिस का इन्तजार है और प्रार्थना करती है कि उनकी यात्रा न केवल एक घटना मात्र हो, बल्कि लोगों के बीच लंबे समय से चली आ रही हिंसा और विभाजन को संवाद द्वारा निपटा जा सके और देश में अमन शांति आये। संघर्ष-ग्रस्त राष्ट्र न केवल सीरिया के साथ बल्कि अपनी सीमा के भीतर, नासिरिया से मोसुल के क्षेत्र में भी तनाव का अनुभव करता है, जो 2014 और 2017 के बीच 'इस्लामिक स्टेट' की राजधानी थी। मोसुल में सामूहिक कब्रों से हजारों लाशों का पता लगाना जारी है, इस्लामिक स्टेट के आतंक के तहत वहां शासन करने वाले आतंकवाद का संकेत मिलता है।

वाटिकन ने 7 दिसंबर को घोषणा की कि संत पापा 5-8 मार्च 2021 को इराक की प्रेरितिक यात्रा करेंगे। इस दौरान वे बगदाद,  मोसुल, क़ाराकोश और उर के मैदान का दौरा करेंगे।

संत पापा की यात्राः आशा की किरण

"हम कुछ समय के लिए डर में थे, लेकिन हम आशा में भी हैं," यह खलदेई प्राधिधर्माध्यक्ष कार्डिनल लुई राफेल साको की प्रतिक्रिया थी जब 7 दिसंबर को वाटिकन ने घोषणा की, कि संत पापा 5-8 मार्च 2021 को इराक की प्रेरितिक यात्रा करेंगे, इस दौरान वे बगदाद, मोसुल क़ाराकोश और उर के मैदान का दौरा करेंगे। बगदाद के महाधर्माध्यक्ष कार्डिनल साको इसे देश के लिए पुनर्जन्म के संकेत के रूप में मानते हैं, "एक नया क्रिसमस"।

संत पापा की यात्रा के लिए प्रार्थना

इस भावना के साथ, कार्डिनल साको ने एक प्रार्थना की रचना की है, जिसे हर रविवार को पवित्र मिस्सा के बाद सभी विश्वासी इस प्रार्थना का पाठ करेंगे। रविवार 17 जनवरी से विश्वासियों ने प्रार्थना करना शुरु किया।

संत पापा की यात्रा की घोषणा के तुरंत बाद, प्राधिधर्माध्यक्ष साको ने इराकी ख्रीस्तियों को लिखा था कि वे संत पापा के स्वागत के लिए पर्याप्त रूप से तैयारी करें। उन्होंने समझाया कि संत पापा "पर्यटक" या "लक्जरी" यात्रा पर नहीं आ रहे हैं, लेकिन एक तीर्थयात्रा पर, जो "अनिश्चितता के समय सभी के लिए" आराम का संदेश देता है। "हमें इसे एक महान बदलाव का अवसर बनाना चाहिए ताकि हमारे बीच विश्वास और आशा एक प्रतिबद्धता बन जाए।"

क़ाराक़ोश में तैयारी

इस बीच, उत्तरी शहर क़ाराकोश में भी तैयारियाँ चल रही हैं, जहाँ संत पापा फ्राँसिस का जाना तय है। माता मरियम की एक नव-निर्मित प्रतिमा को गुरुवार को क़ाराकोश गिरजाघर के ऊपर स्थापित किया गया।

स्थानीय पल्ली पुरोहित फादर पॉल थबिट मेको ने बताया कि नीनवे मैदानों में सबसे बड़ा, काराकोश का सीरियाई काथलिक गिरजाघर, आईएस समूह द्वारा 2014 से 2016 तक उनके कब्जे के दौरान अपवित्र और जला दिया गया था, आईएस ने घरों, गिरजाघरों, पुस्तकालय और अन्य सांस्कृतिक विरासत स्थलों को नष्ट और तबाह कर दिया। नीनवे मैदान में सबसे महत्वपूर्ण ईसाई शहर को छोड़कर, हजारों लोग भाग गए।

18 January 2021, 15:11