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जावा के बांतेन प्रांत का पांडेंगलांग क्षेत्र जावा के बांतेन प्रांत का पांडेंगलांग क्षेत्र   (ANTARA FOTO)

सुनामी पीड़ितों की मदद हेतु इंडोनेशिया कारितास सक्रिय

शनिवार 22 दिसम्बर रात ज्वालामुखी फटने के बाद आई सुनामी में मरने वालों की संख्या 281 हो गई है। 800 से ज्यादा लोगों के घायल होने की खबर है और कम से कम 80 लोग लापता हैं।

माग्रेट सुनीता मिंज-वाटिकन सिटी

जकार्ता, सोमवार 24 दिसम्बर 2018 (रेई): इंडोनेशिया के सुंडा द्वीप में शनिवार रात ज्वालामुखी फटने के बाद आई सुनामी में मरने वालों की संख्या 281 हो गई है। स्थानीय प्रशासन के मुताबिक सुनामी जिस समय आया उस समय बड़ी संख्या में पर्यटक बीच और तटवर्ती इलाके के आसपास थे। इस वजह से उन्हें बचने का ज्यादा समय नहीं मिल पाया। राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन एजेंसी ने बताया कि आपदा में 800 से ज्यादा लोगों के घायल होने की खबर है और कम से कम 80 लोग लापता हैं।

इटली की कारितास इन्डोनेशिया की राष्ट्रीय कारितास के संपर्क में है। वह 15 वर्षों से इन्डोनेशिया की राष्ट्रीय कारितास को हर तरह से मदद देती आ रही है।  

इन्डोनेशिया की राष्ट्रीय कारितास के निदेशक योहान्नेस बासकोरो ने इटली के कारितास निदेशक को बताया कि सुनामी प्रभावित क्षेत्र राजधानी जाकार्ता से 200 को मीटर की दूरी पर है। इन्डोनेशिया की राष्ट्रीय कारितास सुमात्रा द्वीप के तानजुग कारान धर्मप्रांत की कारितास और जावा द्वीप के बोगोर धर्मप्रांत की कारितास की टीम आपदा में फंसे लोगों की हर तरह से मदद कर रही है। खोज और बचाव के लिये बुरी तरह प्रभावित इलाकों में भारी मात्रा में उपकरण भेजे जा रहे हैं। सुनामी का सबसे ज्यादा प्रभाव जावा के बांतेन प्रांत के पांडेंगलांग क्षेत्र में पड़ा है।

राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन एजेंसी ने बताया कि क्राकाटोआ ज्वालामुखी फटने के बाद शनिवार को स्थानीय समयानुसार रात 9:27 बजे दक्षिणी सुमात्रा और पश्चिमी जावा के पास समुद्र की ऊंची लहरें तटों को तोड़कर आगे बढ़ीं जिससे अनेक मकान नष्ट हो गए। लोगों को बचाने के लिए खोज और बचाव का काम तेज कर दिया गया है।

देश की राजधानी जकार्ता से करीब 200 किलोमीटर दक्षिण-पश्चिम में 305 मीटर ऊंचा ज्वालामुखी जून से ही फटना शुरू हो गया था। अधिकारियों ने ज्वालामुखी के गड्ढे से दो किलोमीटर तक के क्षेत्र को प्रतिबंधित जोन घोषित कर लोगों को वहां नहीं जाने का परामर्श जारी किया था।

इससे पहले सितंबर में सुलावेसी द्वीप पर पालू शहर में आए भूकंप और सुनामी में करीब 2,500 से ज्यादा लोगों की मौत हुई थी और हजारों घर ढह गये थे। इटली की कारितास इन क्षेत्रों के गृहनिर्मान के दो प्रोजेक्ट में अपना सहयोग दे रही है।

24 December 2018, 16:01